Civil Engineer In Engineering Field

इंजीनियरिंग क्षेत्र में सिविल इंजीनियर के प्रकार व महत्व | Types And Importance Of Civil Engineer In Engineering Field

Civil Engineer

सिविल इंजीनियर(Civil Engineer) का क्षेत्र इंजीनियर की वह शाखा हैं, जिसके तहत पुल, सड़क,नहरें, बांध और भवनों आदि का डिजाइन करके उसका निर्माण किया जाता हैं। इतना ही नहीं इन चीजों का निर्माण करके उनका रख रखाव भी इसी शाखा के तहत किया जाता हैं। बताया जाता हैं, कि इंजीनियर की यह शाखा अन्य शाखाओं से बहुत ही पुरानी हैं। जिसे वर्तमान समय में कई अन्य शाखाओं में बाटा गया हैं। जिनमें पर्यावरण इंजीनियरिंग, भू-तकनीक इंजीनियरिंग, संरचनात्मक इंजीनियरिंग, नगर पालिका या शहरी इंजीनियरिंग, जल संसाधन इंजीनियरिंग, तटीय इंजीनियरिंग, सर्वेक्षण और निर्माण इंजीनियरिंग जैसे अन्य शाखाए हैं। जो इस प्रकार हैं –

सिविल इंजीनियरिंग के प्रकार | Types Of Civil Engineering

Civil Engineering

1. निर्माण एवं प्रबंधन इंजीनियरिंग Construction and Management Engineering
2. भू – तकनीकी इंजीनियरिंग Geotechnical Engineering
3. संरचनागत वास्तुविद्या Structural Architecture
4. जल अभियांत्रिकी Water Engineering
5. भूकम्प वास्तुविद्या Earthquake Architecture
6. फोरेंसिक इंजीनियरिंग Forensic Engineering
7. राजमार्ग अभियांत्रिकी Highway Engineering

1. प्रबंधन और निर्माण इंजीनियरिंग | Construction and Management Engineering

Construction and Management Engineering

सिविल इंजीनियरिंग(Civil Engineer) के इस शाखा में भवनों व पुलों की संरचनाओं का डिजाइन करना और उनके निर्माण जैसे कार्यों को शामिल किया गया हैं। इस क्षेत्र में अन्य क्षेत्रों की तुलना में व्यावसायिक जोखिम अधिक है, क्योंकि सिविल इंजीनियर(Civil Engineer) के इस क्षेत्रें में जोखिमों वाले कार्य किए जाते हैं। जिसमें से कार्यों के सफल हो जाने से पुरस्कारों का मिलना और हानि होने पर बडा नुकशान उठाने जैसे घटनाएं सामने आती हैं। इस शाखा के अंतर्गत सामानों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर लाने और ले जाने का काम भी किया जाता हैं।

2. संरचनागत सिविल इंजीनियरिंग | Structural Architecture

Structural Architecture

सिविल इंजीनियरिंग(Civil Engineer) की इस शाखा के तहत भौतिक बुनियादी ढांचे जैसे पुल, ओवरपास, रेलवे लाइनों के संरचनाओं को बनाने का कार्य किया जाता हैं। यह वह कार्य होता हैं, जो किसी कार्य के करने से पहले उसका उचित नाम के द्वारा विश्लेषण करके स्ट्राक्चर तैयार किया जाना होता हैं। इसके साथ ही इस बात का भी ध्यान रखा जाता हैं, कि निर्माण की हुई वस्तु कैसे लंबे समय तक उपयोग में आ सकती हैं।

3. जल अभियांत्रिकी | Water Engineering

Water Engineering

सिविल इंजीनियरिंग(Civil Engineer) की इस शाखा के तहत जल संसाधनों का अध्ययन किया जाता हैं, एवं उसके सुचारू रूप से उपयोग में लाने की विधियों को व्यवस्थित किया जाता हैं। इसके साथ ही इस शाखा के तहत ही तेजी से घट रहे पीने योग्य पानी का संरक्षण हो सके, इस पर भी ध्यान दिया जाता हैं। वहीं इस विधि के माध्यम से वर्तमान समय में बाढ़ और सूखे की समस्याओं को किस प्रकार निपटा जाए उस पर भी ध्यान केंद्रित किया जाता है।

4. भू – तकनीकी इंजीनियरिंग | Geotechnical Engineering

Geotechnical Engineering

सिविल इंजीनियरिंग(Civil Engineer) के इस शाखा के तहत उन जमीनी संपत्तियों की खोज से है, जिसके तहत भवनों और पुलों का इस प्रकार निर्माण करना शामिल हैं। जिससे वे लंबे समय तक सुरक्षित और संरक्षित रह सकें। मिट्टी की गुणवत्ता, पत्थरों की गुणवत्ता की जांच करना जैसे अहम कार्य भी इसके तहत किया जाता हैं। किसी भी जमीनी कमजोरी का पता लगाना एक भू-तकनीकी इंजीनियर का काम है।

5. भूकम्प वास्तुविद्या | Earthquake Architecture

Earthquake Architecture

सिविल इंजीनियर(Civil Engineer) की इस शाखा के अंतर्गत इसमें एक बुनियादी ढांचे या परियोजना के अनेको प्रकार की डिजाइन को इस प्रकार बनाया जाता हैं कि यह भूकंप के खतरनाक प्रभावों का सामना लंबे समय तक करता रहे। वर्तमान समय में दुनियां के लगभग हर घरों का निर्माण भूकंप वास्तुविद्या के द्वारा किया जा रहा हैं। इसलिए इस समय इसकी मांग अधिक हैं।

6. फोरेंसिक सिविल इंजीनियरिंग | Forensic Engineering

Forensic Engineering

इसके तहत निर्माण में शामिल की जाने वाली उपयोगी सामानों का निरीक्षण किया जाना शामिल है। जिससे यह भी जानकारी जुटाई जाती हैं, कि किस प्रकार की वस्तुओं से निर्माण करना अच्छा रहेगा। इसके साथ ही अगर किसी वस्तु का निर्माण करने में शमिल करना हानिकारक होता हैं, तो उसे निकालने का काम भी किया जाता हैं।

7. राजमार्ग अभियांत्रिकी | Highway Engineering

Highway Engineering

सड़के और राजमार्गों का निर्माण करने के दौरान सुरंगों व पुलों को भी बनाया जाता हैं। जो लोगों के यातायात को सुगम और सरल बनाते हैं। यह सब सिविल इंजीनियरिंग(Civil Engineer) की राजमार्ग अभियांत्रिकी के तहत किया जाता हैं। यह एक बहुत ही समर्पित शाखा हैं, जिसमें हाईवे इंजीनियरिंग के साथ साथ योजना, डिजाइन, निर्माण और संचालन जैसे कामों को भी शामिल किया गया हैं।

सिविल इंजीनियरिंग के लाभ | Benefits of Civil Engineering

सिविल इंजीनियरिंग, इंजीनियरिंग की वह शाखा मानी जाती हैं, जिसमें प्रतिस्पर्धा और जोखिम दोनों हैं। लेकिन इसके बाद भी इसके अनेको लाभ हैं। जिसमें पैकेज संबंधि लाभ और मुआवजा लाभ भी शामिल हैं। इस क्षेत्र में कार्य करने के दौरान आमतौर पर उनके काम के लिए अच्छी तरह से मुआवजा दिया जाता है। इसके साथ ही नौकरी के मौके भी इसके तहत अधिक आते हैं। बुनियादी ढांचे के डिजाइन, निर्माण और रखरखाव के लिए कुशल पेशेवरों की इसमें हमेशा मांग रहती हैं।

विकास के अवसर | Growth Opportunities

Growth Opportunities in Civil Engineering

सिविल इंजीनियरिंग(Civil Engineer) आज के समय में हर रोज एक नया अवतार ले रहा है। इस क्षेत्र को आगे ले जाने के लिए इसमें हर समय नई तकनीकें, सामग्री और विधियां विकसित की जा रही हैं। जिससे इससे संबंधित लोग हर समय कुछ न कुछ नया सीखते हैं, और समाज के लिए विकास की एक नई परिभाषा लिखते हैं। इसके साथ ही इस क्षेत्र में पेशेवर रूप से सीखने और बढ़ने के हमेशा अवसर लोगों को मिलते रहते हैं।

समाजिक बदलाव के अवसर | Opportunities For Social Change

Opportunities For Social Change in Civil Engineering

सिविल इंजीनियरिंग(Civil Engineer) के तहत लोगों के बुनियादी ढांचे को बहुत ध्यान में रखकर कार्य को अंजाम दिया जाता हैं। जिसमें उनके रहन सहन, के साथ हर उस मूलभूत जरूरतों को भी ध्यान में रखा जाता हैं, जिससे लोगों के जीवन को प्रभावित करते हैं। इस शाखा के अंतर्गत लोगों को सुरक्षित और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराना मुख्य उदेश्य में शामिल होता हैं। जो लोगों के जीवन पर सीधा प्रभाव डालती हैं।

सार | Summary

Civil-Engineering-Career-Opportunities

सिविल इंजीनियरिंग के कार्य कार्यालयों से लेकर निर्माण स्थलों तक कई चरणों में किया जाता हैं। जिसमें लोगों की हितों को देखते हुए प्रोजेक्ट को जमीनी स्तर पर उतारा जाता हैं। जिससे लोगों के हितों की रक्षा होती हैं। इसके साथ ही मानव जीवन समय के साथ कई बदलावों को देखता हैं, और उसका लाभ प्राप्त करता हैं। वहीं इससे जुडकर लोग कामों को करना व्यक्तिगत संतुष्टि और गर्व महशूस कराती हैं। इतना ही नहीं सिविल इंजीनियरिंग के क्षेत्र में हमेशा लोग रचनात्मकता और नवीनता के साथ रुचि लेकर अपने कौशल को हमेशा निखारने का काम कर सकते हैं।